जापान में मोदी बोले- इचिगो इचि, जानें भाषण की खास बातें

News from Bhopal, Madhya Pradesh News, Heritage, Culture, Farmers, Community News, Awareness, Charity, Climate change, Welfare, NGO, Startup, Economy, Finance, Business summit, Investments, News photo, Breaking news, Exclusive image, Latest update, Coverage, Event highlight, Politics, Election, Politician, Campaign, Government, prativad news photo, top news photo, प्रतिवाद, समाचार, हिन्दी समाचार, फोटो समाचार, फोटो
Place: New Delhi                                                👤By: Digital Desk                                                                Views: 19151

12 नवम्बर 2016, भारत और जापान के बीच ऐतिहासिक परमाणु समझौता हुआ है. भारत की ओर से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और जापान की तरफ से प्रधानमंत्री शिंजो आबे ने इस समझौते पर हस्ताक्षर किए. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इस समझौते की जानकारी दी. पढ़ें मोदी के भाषण की खास 10 बातें.



1. प्रधानमंत्री ने प्रेस के संबोधन की शुरुआत जापानी बौद्ध धर्म की प्रसिद्ध उक्ति 'इचिगो इचि' से की. जिसका अर्थ होता है- 'एक अवसर, एक मुलाकातः प्रत्येक मुलाकात खास है, हमें उन सभी पलों को सहेज कर रखना चाहिए.'



2. भारत और जापान आतंकवाद के खतरे और सीमा पार से आतंकवाद से निपटने के लिए एकजुट और दृढसंकल्प हैं.



3. भारत और जापान स्वाभाविक सहयोगी है. दोनों मुल्कों में संसाधनों के वृद्धि की पर्याप्त क्षमता है.



4. भारत अपने आर्थिक विकास की तेज गति को बनाए रखने के लिए परमाणु ऊर्जा की ओर देख रहा है.



5. इस समझौते से दोनों देशों के बीच द्विपक्षीय आर्थिक और सुरक्षा संबंधों के बढ़ावा मिलेगा और अमेरिका स्थित कंपनियों को भारत में परमाणु संयंत्र स्थापित करने में सहूलियत मिलेगी.



6. मार्च 2016 से हमने भारत आने वाले जापान के लोगों के लिए वीजा की सुविधाओं को आसान कर दिया है. इसके साथ ही बिजनेस वर्ग के लिए वीजा की अवधि 10 साल के लिए बढ़ा दी गई है.



7. हमारी सामरिक साझेदारी न केवल हमारे समाज की सुरक्षा और अच्छे के लिए है बल्कि इससे इस क्षेत्र में शांति, स्थिरता और संतुलन भी आएगा.



8. हम विनिर्माण, निवेश और 21वीं सदी के सूचना उद्योग का प्रमुख केंद्र बनने के हमारे लक्ष्य में जापान को एक सहयोगी के रूप में देखते हैं.



9. दोनों देशों के बीच बार बार हो रही बातचीत हमारे अभियान, गतिशीलता और संबंधों की गहराई को दर्शाता है.



10. मैं प्रधानमंत्री अबे का सिक्युरिटी काउंसिल में स्थायी सदस्यता के लिए भारत का समर्थन करने के लिए धन्यवाद देता हूं.



Related News

Latest News

Global News