
सितम्बर 19, 2016। मध्य प्रदेश के सीएम शिवराज सिंह चौहान यूं तो अपने शांत स्वभाव के लिए जाने जाते हैं. लेकिन इस बार जब उन्हें गुस्सा आया तो दो टीआई और एक एएसआई को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया.
दरअसल, सीएम शिवराज सोमवार को शहडोल जिले के सिंहपुर में जनसभा को संबोधित करने पहुंचे थे. इस दौरान वो जब सभा स्थल से लौट रहे थे तो उन्हें एक दंपति ने रोक लिया.
जयसिंहनगर थाना के कुबरा गांव निवासी गुप्ता दंपति ने सीएम से शिकायत की कि कुछ दिनों पहले उनके बेटे अविनाश गुप्ता का शव लटका हुआ मिला था. दंपति ने आरोप लगाया कि उनके बेटे की हत्या करने के बाद उसके शव को फंदे से लटकाया गया है, इस बारे में उन्होंने पुलिस को भी बताया लेकिन वो मामले की आत्महत्या से जोड़कर ही जांच कर रहे हैं.
दंपति की बात सुनने के बाद सीएम ने वहां मौजूद एसपी सुशांत सक्सेना को मामला देखने के निर्देश दिए. जिसके बाद एसपी ने तुरंत कार्रवाई करते हुए जयसिंहनगर टीआई प्रफुल्ल राय और एएसआई बालेंद्र मिश्रा को निलंबित कर दिया.
जाम देख आया गुस्सा और टीआई हो गया सस्पेंड
जाम में फंसने के कारण मुख्यमंत्री को गुस्सा आया तो एसपी ने टीआई को सस्पेंड कर दिया. बताया जा रहा है कि सभा को देखते हुए सुरक्षा के काफी इंतजाम किए गए थे. फिर भी लौटने के दौरान एक जगह भीड़ अनियंत्रित हो गई और सीएम शिवराज को करीब 15 मिनट तक जाम में ही खड़े रहना पड़ा.
इस बात से शिवराज सिंह चौहान बेहद नाराज हुए और उन्होंने एसपी पर अपनी नाराजगी जाहिर की. जिसके बाद एसपी सुशांत सक्सेना ने तत्काल प्रभाव से गोहपारू टीआई विजय गोठरिया को निलंबित कर दिया.