10 जून 2019। मध्यप्रदेश की 15 वीं विधानसभा का 19 दिवसीय मानसून सत्र 8 जुलाई से शुरू होगा, जो 26 जुलाई तक चलेगा। इस सत्र में बजट भी प्रस्तुत किया जाएगा और कुल 15 बैठकों वाला यह सत्र अभी तक का सबसे छोटा बजट सत्र होगा। इसकी अवधि को बढ़ाने के लिए नेता प्रतिपक्ष श्री गोपाल भार्गव ने मुख्यमंत्री कमलनाथ को चिट्ठी लिखी है।
नेता प्रतिपक्ष श्री गोपाल भार्गव ने मानसून सत्र की अवधि बढ़ाने के लिए शनिवार को मुख्यमंत्री कमलनाथ को चिट्ठी लिखी है। नेता प्रतिपक्ष ने अपने पत्र में विभिन्न वर्षों में बजट सत्रों की अवधि बताते हुए कहा है कि यह सत्र कम से कम पांच सप्ताह का रहता आया है। उन्होंने कहा है कि पन्द्रवीं विधानसभा को गठित हुए छह माह बीत चुके हैं और इस दौरान प्रदेश में अनेक ज्वलंत समस्याएं उत्पन्न हो गई हैं। इन समस्याओं पर विधानसभा में अब तक चर्चा नहीं हो सकी है। वहीं, बजट सत्र की अवधि से प्रतीत होता है सरकार मात्र 15 दिवस में सभी शासकीय और अशासकीय कार्य निपटा लेना चाहती है, जो कि व्यावहारिक रूप से संभव नहीं है। नेता प्रतिपक्ष श्री गोपाल भार्गव ने मुख्यमंत्री को लिखे पत्र में बजट सत्र की अवधि को बढ़ाकर कम से कम पांच सप्ताह यानी 25 कार्य दिवस किए जाने की मांग की है। उन्होंने लिखा है कि सामान्यतः यह परंपरा रही है कि सत्रों की अवधि विपक्ष से चर्चा के उपरांत ही तय की जाती है, लेकिन वर्तमान सरकार ने इस परंपरा को भी तोड़ दिया है।
मानसून सत्र की अवधि बढ़ाने नेता प्रतिपक्ष ने लिखी मुख्यमंत्री को चिट्ठी
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Bhopal 👤By: DD Views: 2324
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